सिद्धार्थनगर में नकली शराब के नेटवर्क पर पुलिस का शिकंजा, बस से भारी मात्रा में सामग्री बरामद
सिद्धार्थनगर/बांसी। नकली और मिलावटी अंग्रेजी शराब के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बांसी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। थाना बांसी पुलिस ने एसओजी, सर्विलांस सेल और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम के साथ एक डबल डेकर स्लीपर बस की तलाशी लेकर नकली शराब तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली बड़ी मात्रा में सामग्री बरामद की है। पुलिस ने इस मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, 9 और 10 अगस्त की दरमियानी रात बांसी-डुमरियागंज मार्ग पर प्रतापपुर के पास चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस टीम ने UP 17 AT 6415 नंबर की डबल डेकर स्लीपर बस को रोककर तलाशी ली। तलाशी के दौरान बस से 35,740 नकली शराब के ढक्कन, 4,900 QR कोड और सील रैपर, हरियाणा निर्मित अंग्रेजी शराब की 281 बोतल, 20 लीटर स्प्रिट/अल्कोहल, शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले सेंट की छह शीशियां, 65 नई खाली बोतलें और तीन मोबाइल फोन बरामद किए गए। पुलिस के मुताबिक बरामद ढक्कनों पर IB, Old Monk, RS, Iconic, BP और McDowell’s जैसे ब्रांडों के नाम से संबंधित सामग्री मिली है।

पुलिस ने मामले में राम प्रताप प्रजापति उर्फ गुरु प्रजापति निवासी गोरखपुर, दीपक जायसवाल निवासी नई दिल्ली और जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव निवासी संतकबीरनगर को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी नकली शराब तैयार करने में इस्तेमाल होने वाले ढक्कन, QR कोड, सील रैपर और स्प्रिट की सप्लाई के साथ हरियाणा से लाई गई शराब को दूसरे स्थानों पर पहुंचाने के कारोबार से जुड़े थे। पुलिस के मुताबिक यह सामग्री मऊ, गोरखपुर और सिद्धार्थनगर के रास्ते लखनऊ ले जाई जा रही थी।
मामले में थाना बांसी में मु0अ0सं0 148/2026 के तहत BNS की संबंधित धाराओं और आबकारी अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश और आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटा रही है। कार्रवाई करने वाली संयुक्त पुलिस टीम को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थनगर डॉ. अभिषेक महाजन ने ₹20,000 के नगद पुरस्कार से सम्मानित किया है। पुलिस की इस कार्रवाई को नकली शराब के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है।

